सूर्य ग्रहण 2009

Solar Eclipse Surya Grahan 2009

सूर्य ग्रहण सूर्य ग्रहण के तीन प्रकार
सूर्य ग्रहण 2009 कहां दिखेगा पूर्ण सूर्यग्रहण
कैसे देखें सूर्यग्रहण सूर्य ग्रहण का आपकी राशि पर असर

सूर्य ग्रहण 2009 : सबसे लंबा सूर्यग्रहण

22 जुलाई  2009 को होने जा रहे पूर्ण सूर्यग्रहण को वैज्ञानिक सदी का सबसे लंबा सूर्यग्रहण कह रहे हैं। कारण इस ग्रहण का पथ 205 किमी. चौड़ा है, यह ग्रहण 15,150 किमी. की दूरी तय कर रहा है, पूर्ण ग्रहण की महत्तम अवधि 6 मिनट 39 सेकंड है, पृथ्वी पर ग्रहण 3 घंटे 25 मिनट तक देखा जाएगा।

अगला लंबा सूर्यग्रहण 2114 ई. में होगा, इस ग्रहण के पूर्व 11 अगस्त 1999 को पूर्ण सूर्यग्रहण हुआ था। अगला पूर्ण सूर्यग्रहण 20 मार्च 2034 को होगा परंतु उसकी अवधि कम रहेगी तथा यह जम्मू काश्मीर के उत्तरी भाग में दृश्य होगा। अगली लंबी अवधि का ग्रहण 2114 ई. में होगा, तब तक हममें से शायद ही कोई इसे देखने के लिए पृथ्वी पर जीवित रहेगा।

पूर्ण सूर्यग्रहण की अधिकतम अवधि 7 मिनट 30 सेकंड हो सकती है। इस ग्रहण की अधिकतम अवधि 6 मिनट 39 सेकंड जापान के दक्षिण पूर्व रयूक्यू द्वीप में है। इस द्वीप में 6 मिनट 39 सेकंड तक पूर्ण सूर्यग्रहण देखा जा सकेगा। यह अवधि महत्तम पूर्ण सूर्यग्रहण से मात्र 51 सेकंड ही कम है।

पूर्ण सूर्यग्रहण हम वर्तमान में प्रकृति प्रदत्त निम्नांकित दुर्लभ संयोग के कारण ही देख पाते हैं प्राकृतिक रूप से व्यास तथा दूरी का अनुपात एक समान होने के कारण हमें सूर्य तथा चंद्रमा एक समान आकार (1/20क्कोणीय) के दृष्टिगत होते हैं। इसी समान अनुपात के कारण चंद्रमा सूर्य से बहुत छोटा होने के बाद भी सूर्य को पूर्णत: ढंक लेता है तथा हम पूर्ण सूर्यग्रहण देख पाते हैं।

चंद्रमा प्रतिवर्ष हमसे 4 सेमी. दूर जा रहा है। कुछ करोड़ वर्ष बाद दूरी बढ़ने से हमें पूर्ण सूर्यग्रहण देखने का सौभाग्य प्राप्त नहीं होगा। प्रत्येक वर्ष में कम से कम चार और अधिकतम सात ग्रहण होते हैं। चार ग्रहणों में दो सूर्य तथा दो चंद्रग्रहण होते हैं एवं सात ग्रहणों में 4 सूर्य एवं 3 चंद्र या 5 सूर्य एवं 2 चंद्रग्रहण होते हैं। किसी भी स्थान पर ग्रहण की पुनरावृत्ति 370 वर्ष बाद होती है, जहां चंद्रग्रहण लगभग आधी पृथ्वी पर एकसाथ दिखाई देता है।
वहीं सूर्यग्रहण एक संकरी पट्टी में दृष्टिगत होता है। इस ग्रहण में यह दुर्लभ संयोग है कि यह संकरी पट्टी मध्य भारत से गुजर रही है, जिससे देश के व्यापक भाग में सूर्यग्रहण देखा जा सकेगा।

सूर्यग्रहण देखने का अगला मौका 25 साल बाद ही मिलेगा। 6 मिनट 39 सेकंड लंबा पूर्ण सूर्यग्रहण फिर 13 जून 2132 तक नहीं दिखाई देगा। 22 जुलाई को भारत के कई हिस्सों में पूर्ण सूर्यग्रहण दिखाई देगा।

सूर्य का व्यास 1391000 किमी.

चंद्रमा का व्यास 3474 किमी.

सूर्य से पृथ्वी की औसत दूरी 15,00,00,000 किमी

चंद्रमा की पृथ्वी से औसत दूरी 3,84,400 किमी.

 

 

 

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